आओ आओ नव वर्ष २०१०
महगाई तो अब कर दो बस !
समस्याएँ अब न बढ़ाना ,
अलग न हो तेलंगाना !
जन आन्दोलन जगेगा,
देश फ़िर से बंटेगा !
छोटे राज्यों की भरमार होगी ,
त्राहे त्राहे बारम्बार होगी !
आर्थिक व्यवस्था तार तार होगी ,
शिबू सोरेन और गवली की सरकार होगी !
गाँधी और पटेल की आत्मा रोएगी ,
भारत माता अपना अस्तित्व खोएगी !
बोधि सत्व कस्तूरिया २०२ नीरव निकुंज सिकंदरा आगरा २८२007
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